राजनीतिक समिति उन राज्यों में जाकर अध्ययन करेगी जहां शराबबंदी तो की गई लेकिन सफल नहीं हुई। यह समिति विफलताओं की वजहों का अध्ययन करेगी। दूसरी सामाजिक समिति शराबबंदी में समाज की भूमिका के लिए रास्ता सुझाएगी। दोनों समितियों का गठन जल्द ही किया जाएगा।