रायपुर / मुख्य सचिव अजय सिंह की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में भारत सरकार के आयुष्मान भारत के कार्यक्रम के तहत प्रधानमंत्री राष्ट्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा मिशन की राज्य में क्रियान्वयन की तैयारी की समीक्षा की गयी। स्वास्थ्य विभाग की सचिव श्रीमती निहारिका बारिक ने बैठक में बताया कि राज्य में 15 अगस्त से आयुष्मान भारत योजना की शुरूआत कर दी जायेगी। योजना के तहत 40 लाख परिवारों को पांच लाख रूपये तक के इलाज की सुविधा प्रति वर्ष उपलब्ध करायी जायेगी। योजना का क्रियान्वयन भारत सरकार और राज्य सरकार द्वारा संयुक्त रूप से किया जाएगा। इसके लिए बीमा कम्पनियों का चयन एवं अन्य आवश्यक तैयारी जुलाई माह में कर लिया जाएगा। विभिन्न बीमारियों के ईलाज के लिए पैकेज रेट में एकरूपता हो इसके लिए निकटवर्ती राज्यों से चर्चा की जाएगी।
भारत सरकार के आयुष्मान भारत- प्रधानमंत्री राष्ट्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा मिशन का क्रियान्वयन राज्य में मिश्रित मॉडल के माध्यम से किया जाएगा। इसके तहत हितग्राही परिवार को 50 हजार रूपए से एक लाख रूपए तक के उपचार की सुविधा बीमा कम्पनी के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा और 50 हजार से पांच लाख रूपए तक के उपचार की सुविधा संजीवनी सहायता कोष की भांति पूर्वानुमोदन प्रकिया से किया जाएगा। आयुष्मान भारत-राष्ट्रीय स्वास्थ्य सुरक्षा मिशन से छुटे हुए परिवारों को मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना के माध्यम से पूर्व की भांति 50 हजार रूपए तक का चिकित्सा लाभ पूर्व की भांति मिलता रहेगा। योजना के तहत सामाजिक आर्थिक एवं जातीय जनगणना 2011 के तहत पात्र हितग्राहियों को शामिल किया जाएगा।
बैठक में प्रमुख सचिव वित्त श्री अमिताभ जैन, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के मिशन संचालक सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे भी उपस्थित थे।
