Advertisement Carousel

विदेशी सोने की तस्करी में बड़ी कार्रवाई – रायपुर में ED ने 3 करोड़ की संपत्ति अटैच की..


रायपुर। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने विदेशी सोने की तस्करी के एक बड़े रैकेट पर शिकंजा कसते हुए रायपुर समेत कई शहरों में करीब 3 करोड़ रुपये की चल-अचल संपत्ति अटैच की है। ED की यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग निवारण अधिनियम (PMLA) 2002 के तहत की गई है।

संपत्तियों में बैंक खातों में जमा नकदी, फ्लैट्स और जमीनें शामिल हैं, जो मुख्य आरोपियों सचिन केदार और पुरुषोत्तम कवले के नाम पर हैं। जांच में सामने आया है कि तस्करी के इस नेटवर्क के जरिए विदेशों से सोना लाकर उसे रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, नागपुर और मुंबई में खपाया गया।

मास्टरमाइंड निकला विजय बैद उर्फ विक्की

ED के अनुसार, इस रैकेट का मास्टरमाइंड विजय बैद उर्फ विक्की है। उसने अपने सहयोगियों के जरिए बांग्लादेश बॉर्डर से सोना मंगवाया और कोलकाता से होते हुए रायपुर और अन्य शहरों में भेजा। इस नेटवर्क का अहम हिस्सा रहे सचिन केदार ने विजय बैद के निर्देश पर विदेशी सोने की आपूर्ति को अंजाम दिया।

रायपुर के नामी ज्वेलर्स के नाम भी उजागर

ED की जांच में यह भी खुलासा हुआ कि तस्करी का सोना रायपुर के कुछ बड़े ज्वैलर्स को बेचा गया। इनमें प्रमुख नाम हैं:

  • सुनील कुमार जैन (सहेली ज्वेलर्स)
  • प्रकाश सांखला (नवकार ज्वेलर्स)
  • सुमीत ज्वेलर्स
  • पुरुषोत्तम कवले (सागर ज्वेलर्स)
  • धीरज बैद

इन सभी पर अवैध रूप से तस्करी के सोने को खरीदने का आरोप है।

260 करोड़ से अधिक की अवैध संपत्ति की आशंका

जांच एजेंसियों के अनुसार, इस रैकेट के जरिए अब तक करीब 260.97 करोड़ रुपये की अवैध विदेशी सोना-चांदी देश में खपाया गया है। मामले में DRI ने वर्ष 2021 में कार्रवाई शुरू की थी, जिसमें कई तस्करों की गिरफ्तारी हुई थी और विदेशी सोना जब्त किया गया था।

ED ने बताया कि इस रैकेट से जुड़े अन्य संदिग्धों की जांच जारी है और जल्द ही और भी संपत्तियां अटैच की जा सकती हैं। साथ ही, जिन ज्वैलर्स ने अवैध सोना खरीदा है, उनके खिलाफ भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


error: Content is protected !!