आरंग की सालासार विहार परियोजना के प्रमोटर पर CG-RERA की कार्रवाई, खरीदारों से पंजीयन जांचने की अपील
रायपुर, 22 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण (CG-RERA) ने रायपुर जिले के आरंग स्थित सालासार विहार परियोजना में बिना रेरा पंजीयन भूखंडों की बिक्री के मामले में प्रमोटर राजीव सोनी, पिता के.एल. सोनी पर 25 लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है। प्राधिकरण के अनुसार, मामले में प्रस्तुत दस्तावेजों और उपलब्ध तथ्यों की जांच के बाद यह कार्रवाई की गई है।
प्राधिकरण के मुताबिक, सालासार विहार परियोजना के तहत भूमि का भूखंडों में विभाजन कर आवश्यक रेरा पंजीयन प्राप्त किए बिना उनका विक्रय किया गया। इसे भू-संपदा (विनियमन और विकास) अधिनियम, 2016 की धारा 3 का उल्लंघन मानते हुए धारा 59 के तहत 25 लाख रुपये की शास्ति अधिरोपित की गई। प्राधिकरण ने यह राशि परियोजना की अनुमानित लागत के आधार पर निर्धारित की है।
पंजीयन के बिना बिक्री पर कानूनी कार्रवाई का प्रावधान
रेरा अधिनियम के तहत निर्धारित मानदंडों में आने वाली रियल एस्टेट परियोजनाओं का पंजीयन कराना अनिवार्य है। पंजीयन के बिना ऐसी परियोजनाओं का विज्ञापन, विपणन, बुकिंग या विक्रय करने पर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। इस व्यवस्था का उद्देश्य संपत्ति खरीदारों को परियोजना की वैधानिक स्थिति और जरूरी जानकारियों से अवगत कराना तथा उनके हितों की रक्षा करना है।
CG-RERA की इस कार्रवाई से प्रमोटरों के लिए निर्धारित नियमों का पालन करने की आवश्यकता एक बार फिर सामने आई है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि रियल एस्टेट क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की जा सकती है।
भूखंड खरीदने से पहले करें पंजीयन की जांच
प्राधिकरण ने नागरिकों और संपत्ति खरीदारों से अपील की है कि किसी भी आवासीय परियोजना या भूखंड में निवेश करने से पहले संबंधित परियोजना का रेरा पंजीयन अवश्य जांचें। खरीदार प्रमोटर का विवरण, पंजीयन क्रमांक और परियोजना से संबंधित आवश्यक जानकारियों का सत्यापन करें, ताकि भविष्य में संभावित विवाद और आर्थिक नुकसान से बचा जा सके।
परियोजनाओं के पंजीयन संबंधी जानकारी CG-RERA की आधिकारिक वेबसाइट https://rera.cgstate.gov.in पर उपलब्ध है।
