Advertisement Carousel

दीपावली से पहले नगरीय निकायों को 164.65 करोड़ की सौगात, वेतन-पेंशन और स्वच्छता दीदियों के मानदेय का रास्ता साफ

उप मुख्यमंत्री अरुण साव की पहल पर जारी हुई राशि; कर्मचारियों के लंबित वेतन के लिए 59.53 करोड़ और पेंशन भुगतान के लिए 34.85 करोड़ रुपये आवंटित

रायपुर, 30 अक्टूबर 2026। दीपावली से पहले नगरीय निकायों के अधिकारी-कर्मचारियों, पेंशनरों और स्वच्छता दीदियों को भुगतान सुनिश्चित करने के लिए नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने 164 करोड़ 65 लाख रुपये आवंटित किए हैं। उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव की पहल पर जारी इस राशि से निकायों में लंबित वेतन-पेंशन के भुगतान के साथ स्वच्छता कार्यों और जरूरी नागरिक सेवाओं के संचालन को भी आर्थिक मदद मिलेगी।

आवंटित राशि में लंबित वेतन भुगतान के लिए 59 करोड़ 53 लाख रुपये और पेंशन भुगतान के लिए अतिरिक्त अनुदान के रूप में 34 करोड़ 85 लाख रुपये शामिल हैं। इससे दीपावली के पहले नगरीय निकायों के कर्मचारियों और सेवानिवृत्त कर्मियों को उनका बकाया भुगतान करने में मदद मिलेगी।

स्वच्छता कार्यों से जुड़ी स्वच्छता दीदियों के मानदेय को लेकर भी विभाग ने राशि जारी की है। मिशन क्लीन सिटी के अंतर्गत अक्टूबर से दिसंबर 2026 तक के मानदेय भुगतान के लिए 23 करोड़ 51 लाख रुपये आवंटित किए गए हैं।

इसके अलावा अक्टूबर 2026 के नियमित मासिक चुंगी मद में 21 करोड़ 9 लाख रुपये और अपार निधि के मरम्मत-संधारण द्वितीय त्रैमासिक मद में 22 करोड़ 60 लाख रुपये का प्रावधान किया गया है। बिलासपुर नगर निगम को नगरोत्थान योजना की दूसरी किस्त के रूप में 3 करोड़ 8 लाख रुपये भी दिए जा रहे हैं।

उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने निर्देश दिए हैं कि दीपावली के अवसर पर किसी भी अधिकारी-कर्मचारी या पेंशनधारी को अपने देय भुगतान के लिए आर्थिक परेशानी का सामना न करना पड़े। विभाग के मुताबिक, राशि का उद्देश्य निकायों की वित्तीय जरूरतों को पूरा करने के साथ स्वच्छता, नागरिक सुविधाओं और मरम्मत-संधारण से जुड़े कार्यों को निर्बाध बनाए रखना भी है।

दीपावली से पहले जारी यह आवंटन नगरीय निकायों के लिए राहत जरूर है, लेकिन अब इसकी असली परीक्षा समय पर भुगतान और राशि के प्रभावी उपयोग में होगी। कर्मचारियों, पेंशनरों और स्वच्छता दीदियों तक राशि कब तक पहुंचती है, इस पर सबकी नजर रहेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!