रायपुर, 2 जुलाई। छत्तीसगढ़ में ग्रामीण रोजगार और आजीविका को नई दिशा देने वाली विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण (वीबी-जी राम जी) योजना का राज्य स्तरीय शुभारंभ गुरुवार को कबीरधाम जिले के गंडईखुर्द ग्राम पंचायत से किया गया। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री एवं पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री विजय शर्मा मुख्य अतिथि रहे, जबकि केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान तिरुपति से वर्चुअली जुड़े।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने योजना के तहत प्रदेश के पहले विकास कार्य के रूप में गंडईखुर्द में शेड निर्माण प्रस्ताव को स्वीकृति दी। उन्होंने कहा कि यह योजना केवल रोजगार उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि विकसित गांवों के माध्यम से विकसित भारत के निर्माण का अभियान है।
योजना के तहत अब ग्रामीण परिवारों को 125 दिनों का रोजगार मिलेगा और अकुशल श्रमिकों की दैनिक मजदूरी 261 रुपये से बढ़ाकर 300 रुपये कर दी गई है। योजना में 318 प्रकार के विकास कार्य शामिल किए गए हैं, जिनमें जल संरक्षण, ग्रामीण अधोसंरचना, आजीविका संवर्धन और आपदा प्रबंधन से जुड़े कार्य प्रमुख हैं। इसके अलावा जॉब कार्ड की जगह जीआरजी कार्ड जारी किए जाएंगे।
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार ने इस योजना के लिए छत्तीसगढ़ को 3,300 करोड़ रुपये का प्रावधान दिया है। पंचायतें स्थानीय जरूरतों के अनुसार कार्ययोजना बनाकर जल संरक्षण, सड़क, शेड, चौपाल, स्ट्रीट लाइट, कोल्ड स्टोरेज, कृषि प्रसंस्करण केंद्र और अन्य विकास कार्य करा सकेंगी।
कार्यक्रम के दौरान योजना के प्रचार-प्रसार के लिए उपमुख्यमंत्री, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और ग्रामीणों ने मानव श्रृंखला बनाकर जनजागरूकता का संदेश दिया। वहीं ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत बड़े पैमाने पर पौधरोपण भी किया गया।
