दिल्ली / सरकार के चार साल पूरा होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज देश को सबसे हाईटेक एक्सप्रेस-वे का तोहफा दिया। पीएम मोदी 11,000 करोड़ की लागत से बने 135 किमी. ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन किया। यह एक्सप्रेसवे गाजियाबाद, फरीदाबाद, ग्रेटर नोएडा और पलवल को जोडता है।
यह देश का पहला स्मार्ट और सोलर एनर्जी से लैस एक्सप्रेसवे है। इसके अलावा प्रत्येक 500 मीटर पर दोनों तरफ वर्षा जल संचयन की व्यवस्था है। साथ ही इसमें 36 राष्ट्रीय स्मारकों को प्रदर्शित किया जाएगा तथा 40 झरने हैं। इसे रिकॉर्ड 500 दिनों में पूरा किया गया है, इस एक्सप्रेस वे पर 8 सौर संयंत्र हैं। जिनकी क्षमता 4 मेगावाट है। ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस वे के शुरू होने से दिल्ली में 41 प्रतिशत तक ट्रैफिक जाम और 27 प्रतिशत तक प्रदूषण कम होने के दावे किए जा रहे हैं। इससे राजधानी दिल्ली को वाहनों के बड़े बोझ से मुक्ति मिलेगीप्रधानमंत्री ने इस परियोजना के लिये आधारशिला पांच नवंबर 2015 को रखी थी।
प्रधानमंत्री ने एक्सप्रेस वे कि खासियतों का जिक्र करते हुए कहा कि इससे ना सिर्फ प्रदूषण में कमी आयेगी बल्कि कम समय में यात्रा भी पूरी की जा सकेगी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि अब तक सिर्फ राजनीतिक पार्टियां सिर्फ राजनीति करती आईं हैलेकिन उनकी सरकार में ऐसा नहीं है। बाबा साहब भीम राव अंबेडकर को याद करते हुए कहा कि उनकी सरकार दलितों की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
पीएम ने कहा कि केन्द्र सरकार ओबीसी जातियों के हितों को लेकर भी पूरी तरह से सजग है और इसको लेकर उन्होनें कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि वो सिर्फ इस मामले को लेकर कहते कुछ है और करते कुछ है।
इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे के पहले चरण का उद्घाटन किया। 14 लेन वाला ये एक्सप्रेसवे दिल्ली से मेरट को जोड़ेगा। इसके शुरू होने से अब मेरठ से दिल्ली के बीच का सफर सिर्फ 45 मिनट में तय किया जा सकेगा। इस मौके पर पीएम मोदी ने खुली जीप से रोड शो किया। इस दौरान उनके साथ केन्द्रीय सड़क और परिवहन मंत्री नितिन गडकरी भी रहे। प्रधानमंत्री का यह रोड शो निजामुद्दीन ब्रिज से गाजीपुर चला।
