एशियन गेम्स 2018 में भारत ने अपना पहला स्वर्ण पदक कुश्ती से अपने नाम किया है. भारतीय दल को ये सफलता बजरंग पूनिया ने दिलाई, जिन्होंने 65 किलोग्राम भार वर्ग में जापान के पहलवान ताक़ातानी दायची को 11-8 से हराकर देश की झोली में पहला स्वर्ण पदक ला दिया. पूनिया ने अपना ये पदक स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी जी को समर्पित किया है.
जो कहा वो कर दिखाया, पहले ही दिन देश स्वर्णिम सफलता की तस्वीर से दो-चार करवाया. ये बजरंग का देसी दांव का धमाकेदार अंदाज़ था जिसके आगे उज़्बेकिस्तान, ताजिकिस्तान, मंगोलिया और अंत में जापान के पहलवान को भी चारों खाने चित कर दिया. बजरंग की सफलता का पैमाना क्या रहा इसका अंदाज़ इसी बात से लगाया जा सकता है प्री-क्वार्टर में इस पहलवान ने मैच को 13-3 से तो क्वार्टर फाइनल में 12-2 से, सेमीफ़ाइनल में 10-0 से और फ़ाइनल में 10-8 से मुक़ाबला अपने नाम किया.
बजरंग की फुर्ती मैट पर देखने लायक रही, बजरंग ने हर वो दांव लगाया जो विरोधी की कमर तोड़ने के लिए काफी रहा. जापानी पहलवान के पास बजरंग के किसी भी दांव का तोड़ नज़र नहीं आया. बजरंग ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अख़्तियार किया और विरोधी पर घेरेबंदी के वो हथकंडे अपनाए, जिसके जाल से निकल पाना जापानी पहलवान के लिए नामुमकिन रहा.
एक समय बजरंग ने अपनी बढ़त को 6-0 कर लिया, लेकिन इसके बाद जापानी खिलाड़ी ने वापसी का दम भरा और स्कोरलाइन को 6-6 की बराबरी पर ला दिया. बहरहाल योगेश्वर दत्त के इस शिष्य की कभी न हार मानने वाले जज़्बे ने एक बार फिर से ज़ोर मारा, जिसके आगे जापानी पहलवान की एक न चली और बजरंग ने संघर्ष से भरे इस मुक़ाबले को 11-8 से जीत देश की झोली में पहला स्वर्ण पदक ला दिया.
बजरंग पूनिया के स्वर्ण पदक जीतने पर राष्ट्रपति ने उन्हें बधाई दी है. राष्ट्रपति ने ट्विटर पर लिखा, ‘बजरंग पूनिया को एशियन गेम्स में 65 किलोग्राम भार वर्ग की फ्री स्टाइल कुश्ती में स्वर्ण पदक जीतने पर बहुत-बहुत बधाई. आपकी उपलब्धि पर देश को गर्व है.’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बजरंग पूनिया की स्वर्णिम सफलता पर उन्हें ट्वीट कर बधाई दी. प्रधानमंत्री ने लिखा, ‘बजरंग पूनिया को 65 किलोग्राम भार वर्ग में मिली इस यादगार जीत के लिए बहुत-बहुत बधाई. यह जीत इसलिए और ख़ास हो जाती है क्योंकि आपने देश को 2018 एशियन खेलों का पहला स्वर्ण पदक दिलाया है. आपके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं.’
