कोरिया / भालू के हमले से जान बचाकर लगभग 6 घण्टे पेड़ पर चढ़े युवक ने अपनी दास्तां मीडिया को सुनाई तो जेसीबी का वाहन चालक निकला रियल हीरो।
आपको बता दे कि बीते रविवार की शाम लगभग 3-4 बजे सोनहत क्षेत्र के अंगवाही गांव में उस समय मातम पसर गया था। जब जंगली भालू के हमले से 4 लोगों की मौत हो गई। वहीं 3 गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
उसी दौरान एक युवक भालू के हमले से अपनी जान बचाने पेड़ पर चढ़ गया था। उसी युवक ने बताया कि हम तीन लोगों को जंगल से चिल्लाने की आवाज आई, जिसके बाद हम लोग वहां गए तो भालू हम लोगो के ऊपर हमला कर दिया, जिसमें हमारे साथ के एक साथी को भालू काटने लगा और वो वही पर मर गया, मैं पेड़ पर चढ़ गया, मै जैसे ही पेड़ से नीचे उतरता भालू आक्रामक होकर हमला करने दौड़ता। भालू काफी देर तक पेड़ के नीचे उतरने का इंतजार करता रहा। तकरीबन 6 घण्टे बाद जेसीबी आई और तक मुझे बचाया जा सका।
इस पूरे घटनाक्रम के उपरांत जेसीबी चालक की जमकर तारीफ हो रही हैं। चुकी उसके साहस के बगैर पेड़ पर चढ़े बाबूलाल की जान नही बचाई जा सकती थी। हमनें जेसीबी के वाहन चालक से भी बात की उसनें बताया कि डर तो उसे भी लग रहा था पर किसी के जान से ज्यादा ये डर कम था।
घटना के दूसरे दिन भालू मामले में अम्बिकापुर से ट्रैंकुलाइज टीम पहुची और ड्रोन कैमरे से भालू की हरकत पर नजर रख रही है। फिलहाल लगातार सर्चिंग के फलस्वरूप अंगवाही के पास वाले जंगल में एक भालू मृत अवस्था में मिला हैं। जिसका आज पोस्टमार्टम किया गया हैं।
ताजा जानकारी की बात करें तो वन अमला गांव – गांव घूमकर स्पीकर के माध्यम से लोगो को जंगलो में नही जाने का एलाउंस कर जानकारी दी जा रही हैं।
