केबिन में फंसा रहा चालक का शव, दूसरा गंभीर घायल; मुआवजा और नौकरी की मांग को लेकर परिजनों का प्रदर्शन, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
कोरबा। एशिया की सबसे बड़ी कोयला खदानों में शामिल कुसमुंडा खदान में एक बार फिर बड़ा हादसा सामने आया है। कोयले से लदे दो भारी ट्रेलर वाहनों के बीच आमने-सामने जबरदस्त भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि एक वाहन का केबिन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें फंसे चालक की मौके पर ही मौत हो गई। काफी देर तक चालक का शव केबिन में ही फंसा रहा। मृतक की पहचान रेलिया निवासी विश्व प्रसाद बिट्टू के रूप में हुई है। वहीं, दूसरे ट्रेलर का चालक गंभीर रूप से घायल हो गया।
बताया जा रहा है कि हादसे में शामिल वाहन नीलकंठ कंपनी के पेटी ठेकेदार पीकेएस कंपनी के थे। घटना के बाद खदान परिसर में अफरा-तफरी मच गई। हादसे की खबर मिलते ही मृतक के परिजन और स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए। परिजनों ने मुआवजे और परिवार के सदस्य को नौकरी देने की मांग को लेकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इससे खदान परिसर में कुछ देर तक तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।
सूचना मिलने पर कुसमुंडा थाना प्रभारी मृत्युंजय पांडे पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शन कर रहे परिजनों और लोगों को समझाइश दी, जिसके बाद मामला शांत हुआ।
इस हादसे ने एक बार फिर कुसमुंडा खदान में सुरक्षा इंतजामों और भारी वाहनों के परिचालन की व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लगातार हो रही दुर्घटनाओं के बावजूद सुरक्षा नियमों के पालन को लेकर सवाल उठ रहे हैं। आखिर खदान में भारी वाहनों की आवाजाही के दौरान सुरक्षा मानकों की निगरानी कौन कर रहा है और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए जिम्मेदार कंपनियों पर क्या कार्रवाई होगी, यह बड़ा सवाल है।
