झारखंड की राजधानी रांची के कोचांग में रोंगटे खड़े कर देनी वाली खबर सामने आयी है। यहां पांच लड़कियों के साथ लगभग बंदूक की नोक पर गैंगरेप किया गया। यह घटना मंगलवार की है। सभी महिलाएं खूंटी जिले के कोचांग गांव में स्थानान्तरण और मानव तस्करी को लेकर लोगों को जागरुक करने के लिए गई थीं। इस घटना का पता एक दिन बाद तब चला जब महिलाओं ने सामाजिक कार्यकर्ता को इसके बारे में बताया। उसके बाद पुलिस को इसकी सूचना दी गई।
इस मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि उसने संदिग्धों की पहचान कर ली है और उन्हें पकड़ने के लिए कई जगहों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस ने गुरुवार को एफआईआर दर्ज की और रांची के डीआईजी अमोल वी होमकर ने मामले की जांच के लिए तीन टीमों का गठन किया है। सभी टीमें कोचांग गांव जाकर मामले की जांच करेंगी।
पुलिस के अनुसार शुरुआती जांच में पता चला है कि आरोपी आदीवासी गांवों में चलने वाले पत्थलगढ़ी आंदोलन से संबंधित हैं। इस आंदोलन के तहत पत्थर गाड़ कर गांव का सीमांकन किया जाता है। मगर अब इसकी आड़ में पत्थर पर भारतीय संविधान के अनुच्छेदों की गलत व्याख्या कर ग्राम सभा को उससे बड़ा बताया जा रहा है। साथ ही ग्रामीणों को आंदोलन के लिए उकसाया जा रहा है।
पुलिस के मुताबिक, घटना को अंजाम देने वाले अपराधी पत्थलगड़ी में शामिल रहे हैं। घटना मंगलवार 19 जून की है, जब नुक्कड़ नाटक के लिए बुलावे पर कोचांग के मिशनरी स्कूल में पहुंची नाटक मंडली का स्कूल से ही अपहरण कर लिया गया। महिलाओं ने बताया कि कार को बंद करने से पहले उनके पुरुष साथियों को पीटा गया और उन्हें उनकी ही पेशाब पीने के लिए मजबूर किया गया। इसके बाद आरोपी महिलाओं को जंगल में ले गए और उनका गैंगरेप किया और इस पूरी घटना को अपने फोन में रिकॉर्ड किया।
पीड़िताओं ने बताया कि उन्हें चार घंटों तक बंधक बनाकर रखा गया था। पुलिस मुख्यालय के हस्तक्षेप के बाद खूंटी में अधिकारियों की एक आपातकालीन बैठक बुलाई गई। होमकर का कहना है कि हमने पीड़िताओं और पुरुषों की पहचान कर ली है। सभी व्यस्क हैं। एफआईआर दर्ज करके एक मेडिकल बोर्ड बना दिया गया है। बोर्ड पीड़िताओं की मेडिकल जांच कर रहा है।
एक फादर की भूमिका संदिग्ध– खूंटी के एसपी अश्विनी सिन्हा ने कहा कि छह अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। नौ लोगों को हिरासत में लिया गया है। एक स्थानीय अखबार के मुताबिक एक फादर की भूमिका संदिग्ध बताई जा रही है। डीआईजी के हवाले से अखबार ने लिखा है कि दुष्कर्म मामले में कोचांग क्षेत्र के एक चर्च के फादर की भूमिका संदिग्ध है। जांच में बहुत सी बातें सामने आयी है। इसमें कई लोगों का संदिग्ध आचरण सामने आया है कोई भी षड़यंत्र रचा गया है, तो उस पर से पर्दा उठाया जायेगा।
मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि ये घटना शर्मसार करने वाली है। अपराधियों के साथ-साथ घटना पर पर्दा डालने वालों पर सरकार कड़ी कार्रवाई करेगी। अमर उजाला
