रायपुर / वित्तीय वर्ष 2019-20 के दूसरे अनुपूरक के लिए 4 हजार 546 करोड़ रुपए की अनुदान माँगों को विधानसभा ने स्वीकृति दे दी है. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सदन में कहा कि विपक्ष कौरव की सेना की तरह काम कर रहा है, पर मैं यह घोषणा कर रहा हूँ बजट सत्र में किसान के लिए नई योजना शुरु हो जाएगी. उसे अंतर की राशि हम देंगे.
यह बजट अब एक लाख हज़ार करोड़ से अधिक का हो चुका है. सीएम भूपेश बघेल ने भाजपा पर आरोप लगाया कि, वह हमारी आर्थिक स्थिति को लेकर भ्रम फैलाती है. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आगे कहा कि किसानों गरीबो के खाते में पैसा डालने से अर्थव्यवस्था नहीं बिगड़ती. अर्थव्यवस्था बिगड़ती है रिज़र्व बैंक से पैसा लेकर उद्योगपतियों को देने से बिगड़ती है. सदन की कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित कर दी गई है. अनुपूरक बजट पर सीएम ने कहा कि हमने राज्य की संस्कृति को संरक्षित करने का फ़ैसला किया है. हमने राम वन गमन पथ को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का फैसला लिया है. हमने राम को आस्था से माना भाजपा की तरह राम के नाम पर वोट नहीं मांगा. अयोध्या में राम मंदिर के फैसले को भी देखें तो यह फैसला भी कोर्ट के जरिए आया है और हम लोग कहते रहे कि कोर्ट का फैसला स्वीकार्य होगा.
महाराष्ट्र की पॉलिटिक्स पर बोले सीएम भूपेश बघेल- सोनिया, शरद व उद्धव को बधाई; पवार और फडणवीस का यही हश्र होना था मैं जो लोग अनुपूरक बजट का विरोध करते हैं उनसे पूछना चाहता हूं कि किस काम का विरोध कर रहे हैं. हम लोगों के लिए राम वोट पाने का माध्यम नहीं हो सकते, हमारी आस्था का विषय हैं. इसीलिए हम लोगों ने राम वन गमन पथ को विकसित करेंगे और चंदखुरी में माता कौशल्या के मंदिर से इसकी शुरुआत करने जा रहे हैं.
सीएम ने आगे कहा कि हमने संस्कृति के विकास को महत्व दिया है. भाजपा की रुचि स्काईवाॅक और बड़े बड़े भवनों के निर्माण में हुआ करती थी. हमारी हर योजना में आम आदमी के विकास को हमने महत्व दिया है. हमारी रुचि प्रदेश के आम लोगों की खुशहाली में है. सरकार के खजाने में आम आदमी के खून पसीने की कमाई है. इस पैसे को हेल्थ बीमा के नाम पर बीमा कंपनियों को बंदरबाट किया जाता था. हमने नई हेल्थ योजना खूबचंद बघेल के नाम पर प्रारंभ की है. इससे आम आदमी को इलाज में राहत मिलेगा. हमारी सरकार ने कुपोषण के खिलाफ बड़ी लड़ाई की शुरुआत की है. सीएम ने आगे कहा कि लाखों बच्चों को सुपोषण योजना का लाभ मिल रहा है. हमारी सरकार ने डीएमएफ के पैसे का सदुपयोग सुनिश्चित किया. बीजापुर जैसे सुदूर क्षेत्रों में हमने सीटी स्कैन जैसी सुविधाएं विकसित की. हम मानव संसाधन का विकास करना चाहते हैं. हमने डीएमएफ ने उसके पैसे को उसी दिशा में लगाया. हमने डीएमएफ के पैसे को शिक्षा और स्वास्थ्य की दिशा में लगाया और इसका परिणाम भी हमें देखने मिल रहा है. पिछली सरकार के मंत्री देश-विदेश घूमा करते थे लेकिन प्रदेश को उसका लाभ नहीं मिलता था. सीएम ने आगे कहा कि हमारी सरकार आने के बाद हमारे अधिकारी, हमारे उद्योग मंत्री देश के विभिन्न राज्यों में गए. वहां की अच्छी बातों का समावेश हमारे उद्योग नीति में किया गया. हमने जो उद्योग नीति तैयार की है उद्योगों को बढ़ाने वाली है. इसका लाभ आने वाले समय में एक में मिलेगा. आज भी वही अधिकारी हैं लेकिन वही अधिकारी बस्तर से सरगुजा तक आम लोगों के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. पहले लोगों को सरकारी दफ्तरों में जाने से डर लगता था लेकिन आज संवेदनशीलता से वहां लोगों के काम हो रहे हैं. सरकार की नरवा गरवा योजना का विपक्ष मजाक उड़ाता है लेकिन हमने जो काम इस योजना से शुरू किया है वह दूसरे राज्य भी कर रहे हैं.
