रायपुर।
छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती और आदिवासी बहुल भरतपुर-सोनहत विधानसभा क्षेत्र के 83 गांव अब हाई-स्पीड 4G इंटरनेट से जुड़ेंगे। यह निर्णय केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने क्षेत्रीय विधायक रेणुका सिंह के आग्रह पर लिया है। इस कदम को “डिजिटल इंडिया” मिशन को जमीनी स्तर पर मजबूती देने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
विधायक रेणुका सिंह ने विधानसभा चुनाव के दौरान अपने क्षेत्र की जनता से हर गांव को डिजिटल कनेक्टिविटी से जोड़ने का वादा किया था। उन्होंने क्षेत्र में नेटवर्क की गंभीर समस्याओं को संज्ञान में लेते हुए केंद्र से हस्तक्षेप की मांग की थी। इसके बाद संचार मंत्रालय ने तत्काल सर्वेक्षण कराते हुए 83 गांवों को 4G सैचुरेशन योजना और LWE (वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्र) फेज़-1 अपग्रेडेशन परियोजना में शामिल किया।
27 गांव पहले से थे जुड़े, अब 83 और होंगे लाभान्वित
संचार विभाग के सर्वे में सामने आया कि रायगढ़ जिले से लगे सीमावर्ती क्षेत्र के 27 गांवों में पहले से 4G सेवाएं उपलब्ध थीं, जबकि शेष गांव नेटवर्क के लिहाज़ से बेहद पिछड़े थे। अब अमृतपुर, गरनई, नेवादिह, नटवाही, सोनहारी जैसे गांवों में नेटवर्क विस्तार का काम शुरू हो चुका है।
रेणुका सिंह ने जताया आभार
विधायक रेणुका सिंह ने ‘X’ (पूर्व ट्विटर) पर इस निर्णय को साझा करते हुए केंद्रीय संचार मंत्री का आभार जताया। उन्होंने लिखा, “विधानसभा चुनाव के दौरान मैंने वादा किया था कि क्षेत्र के हर गांव को हाई-स्पीड इंटरनेट से जोड़ूंगी। आज वह संकल्प पूरा होता देखना गर्व का क्षण है।”
शिक्षा, कृषि और व्यापार को मिलेगा लाभ
डिजिटल कनेक्टिविटी के विस्तार से छात्रों को ऑनलाइन शिक्षा, किसानों को सरकारी योजनाओं की जानकारी और व्यापारियों को डिजिटल भुगतान तथा ई-कॉमर्स से जुड़ने का मौका मिलेगा। इससे क्षेत्र में आर्थिक और सामाजिक गतिविधियों को नई गति मिलने की उम्मीद है।
अभी और गांव जुड़ेंगे
मंत्रालय के अधिकारियों के अनुसार, आनंदपुर, घटमा, भुमका, नारायणपुर, कछाड़ी, मेंड्रा और पटपरटोला जैसे गांवों को अगली सूची में शामिल किया जा सकता है।
मिशन मोड में काम कर रहा है मंत्रालय
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के नेतृत्व में संचार मंत्रालय देश के अंतिम छोर तक डिजिटल सेवाएं पहुंचाने के लिए मिशन मोड में कार्य कर रहा है। यह निर्णय ग्रामीण भारत को डिजिटल मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
