दंतेवाड़ा/मुलुगु। छत्तीसगढ़ की दक्षिणी सीमा से लगे तेलंगाना के नक्सल प्रभावित मुलुगु जिले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। जिले में नक्सलियों के आत्मसमर्पण का सिलसिला जारी है। मंगलवार को प्रतिबंधित नक्सली संगठन के चार सक्रिय सदस्य — मदावी कोसी, मदावी इदुमे, मचाकी देवा और मदकम बंदी — ने मुलुगु के पुलिस अधीक्षक डॉ. शबरीश के समक्ष आत्मसमर्पण किया।
आत्मसमर्पण के दौरान पुलिस अधीक्षक डॉ. शबरीश ने चारों नक्सलियों को पुनर्वास नीति के तहत प्रत्येक को 25 हजार रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की। उन्होंने कहा कि जो भी नक्सली हिंसा का मार्ग छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं, उनका पुलिस प्रशासन स्वागत करेगा।
एसपी ने यह भी स्पष्ट किया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को किसी प्रकार की हानि नहीं पहुंचाई जाएगी, बशर्ते वे सच्चे मन से शांति और विकास के मार्ग पर चलने का संकल्प लें।
मुलुगु पुलिस का मानना है कि हाल के महीनों में बढ़े आत्मसमर्पण नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस और सुरक्षा बलों की लगातार मुहिम और विश्वास बहाली के प्रयासों का परिणाम हैं। इससे नक्सल हिंसा प्रभावित इलाकों में धीरे-धीरे शांति और सामान्य स्थिति लौटने की उम्मीद बढ़ी है।
