रायपुर। नवनियुक्त प्रदेश कांग्रेस प्रभारी एवं सांसद सुखदेव भगत के रायपुर दौरे के दौरान कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने भगत का स्वागत करते हुए कहा कि उनके अनुभव और मार्गदर्शन से संगठन को नई ऊर्जा मिलेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जनता के अधिकारों की लड़ाई सड़क से सदन तक लड़ेगी और 2028 के लिए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत किया जाएगा।
पत्रकार वार्ता में सुखदेव भगत ने हसदेव अरण्य, खनन, आदिवासी अधिकार, बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था, किसान, मनरेगा और मतदाता सूची के SIR समेत कई मुद्दों पर सरकार से सवाल किए। उन्होंने आरोप लगाया कि हसदेव समेत कई इलाकों में जंगलों की कटाई और खनन के दौरान ग्रामसभा तथा आदिवासी हितों की अनदेखी हो रही है। उन्होंने सवाल किया कि जब खनिज, जंगल और जमीन छत्तीसगढ़ की है तो इससे होने वाले लाभ में स्थानीय आदिवासियों और प्रभावित लोगों की हिस्सेदारी कितनी है?
भगत ने डीएमएफ की राशि के इस्तेमाल पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि खनन प्रभावित क्षेत्रों में आज भी पानी, सड़क और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी है। कांग्रेस ने पेसा कानून और वन अधिकार कानून के पालन तथा लंबित और निरस्त वन अधिकार पट्टों का हिसाब सार्वजनिक करने की मांग की।
रोजगार और भर्ती पर सरकार को घेरा
कांग्रेस प्रभारी ने युवाओं के रोजगार का मुद्दा उठाते हुए कहा कि सरकारी भर्तियां अटकी हुई हैं और परीक्षाओं को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं। उन्होंने सरकार से खाली पदों की संख्या और भर्ती कैलेंडर सार्वजनिक करने की मांग की। कांग्रेस ने PLFS 2025 Annual Report का हवाला देते हुए कहा कि 15 से 29 वर्ष के युवाओं में छत्तीसगढ़ की बेरोजगारी दर 6.1 प्रतिशत रही। पार्टी ने सवाल किया कि खनिज संपदा से समृद्ध राज्य में स्थानीय युवाओं को पर्याप्त रोजगार के अवसर क्यों नहीं मिल रहे हैं।
SIR पर भी कांग्रेस ने मांगा जवाब
कांग्रेस ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर भी सरकार और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े सवाल उठाए। पार्टी ने विधानसभा वार हटाए गए मतदाताओं की पूरी सूची सार्वजनिक करने और यह जानकारी देने की मांग की कि इनमें आदिवासी, प्रवासी मजदूर और गरीब परिवारों के कितने नाम हैं। कांग्रेस ने कहा कि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में सुरक्षित रहना चाहिए।
कानून-व्यवस्था और वादों का रिपोर्ट कार्ड मांगा
भगत ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था, महिलाओं की सुरक्षा, अवैध रेत वसूली और कथित भ्रष्टाचार को लेकर भी सरकार से जवाब मांगा। साथ ही चुनाव के दौरान किए गए रोजगार, किसानों और अन्य वादों का रिपोर्ट कार्ड सार्वजनिक करने की मांग की।
कांग्रेस ने मनरेगा को लेकर CAG की Performance Audit Report के आधार पर सरकार से Action Taken Report सार्वजनिक करने को कहा। पार्टी ने किसान, महंगाई और बिजली जैसे रोजमर्रा के मुद्दों पर भी सरकार को घेरा।
2028 की तैयारी का ऐलान
कांग्रेस ने कहा कि भाजपा सरकार से जवाबदेही तय कराने के साथ संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करना, युवा और महिला कार्यकर्ताओं को सक्रिय करना तथा वरिष्ठ नेताओं के बीच बेहतर समन्वय उसकी प्राथमिकता होगी। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि आने वाले समय में इन मुद्दों को लेकर आंदोलन और जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा।
पत्रकार वार्ता में नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत, पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव, प्रदेश सह प्रभारी जरिता लैतफलांग और विजय जांगिड समेत कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता, सांसद, विधायक और पदाधिकारी मौजूद रहे।
