कोरिया / नगर पालिका अध्यक्ष अशोक जायसवाल ने आज प्रेसवार्ता आयोजित कर अपने ऊपर लगे आरोपों का खंडन किया। साथ ही कहा की अगले 5 दिनों के भीतर लगाए गए आरोपों को सिद्ध करें वरना वो मानहानी का दावा करेंगे। मेरे ऊपर लगाए गए सभी आरोप निराधार है गलत है। आपको बता दे की नगर पालिका अध्यक्ष अशोक जायसवाल ने इस दौरान प्रेस विज्ञप्ति भी जारी की और पिछले साढ़े चार वर्षो में किए गए विकास कार्य को बताया।
आयोजित प्रेस वार्ता में संजय जायसवाल, विजय ठाकुर, आफताफ अहमद, प्रवीण भट्टाचार, युसूफ इराकी, मनोज दुबे, सुनीता पड़वार, कुलविंदर कौर मौजूद रहे।
जारी प्रेस विज्ञप्ति में लिखा की –
गौ रक्षा वाहिनी और भाजपा के कुछ लोगों द्वारा नगर पालिका परिषद् बैकुण्ठपुर और मेरे विरूद्ध दुष्प्रचार किया जा रहा है। ऐसे लोगों को चार साल में मेरे द्वारा कराये गये बैकुण्ठपुर शहर के करोड़ों के विकास कार्य और जनता को मिल रही सुविधा पच नहीं पा रही है और अब चुनाव नजदीक देखकर ये लोग झूठा और भ्रामक प्रचार कर रहे है। जिसे क्षेत्र के भाई एवं बहनें अच्छी तरह से समझ रहे हैं। मेरे चार साल का ज्यादा हिस्सा भाजपा शासन काल में व्यतीत हुआ है। मुझसे पराजित नगर पालिका अध्यक्ष के उम्मीदवार शैलेष शिवहरे द्वारा उस समय भी काफी अडंगेबाजी नगर पालिका के कामों में करायी जाती थी उनके द्वारा तत्कालीन मंत्री भईया लाल राजवाड़े को भी गुमराह कर कई कामों में अडंगेबाजी की गई लेकिन मेरी नीयत सही थी। जनता की काम कराने की लगन थी। इस कारण मैने सभी बाधाओं को पार करते हुए पेयजल, बिजली, प्रकाश, सड़क, नाली, सफाई व्यवस्था आदि आम नागरिकों से जुड़ी समस्याओं पर बेहतर काम करके बैकुण्ठपुर नगर पालिका परिषद् का नाम संभाग ही नहीं पूरे प्रदेश में रोशन किया है। योजना को रोकने के लिए शैलेष शिवहरे ने पूर्व मंत्री भईया लाल राजवाड़े का उपयोग करते हुए कार्य की स्वीकृति को निरस्त कराने का पूरा प्रयास किया था। इसके लिए तत्कालीन कलेक्टर नरेन्द्र दुग्गा पर भी दबाव डाला गया था लेकिन जनता के आर्शिवाद से उक्त कार्य को मैंने स्वीकृत कराया और आज इस पर तेज गति से कार्य हो रहा है। इस योजना के पूर्ण होने से बैकुण्ठपुर शहर के लोगों को ही नहीं आसपास के गांव के लोगों को भी हम पर्याप्त पेयजल दे सकेंगे।
आरोप लगाया जा रहा है कि, पेयजल हेतु 31 करोड़ रूपये स्वीकृत कराये गये थे। इस वर्षों से पुराने कबाड़ हो रहे ट्रैक्टर, टेन्करों की मरम्मत पर पूर्व नपा अध्यक्ष शैलेष शिवहरे के कार्यकाल में लाखों रूपये की बंदरबाट हुई। इस पर मैंने रोक लगाई। पुराने टेन्कर व ट्रेक्टर की जगह नए ट्रैक्टर व टेन्कर खरीदे गये। जिससे प्रतिवर्ष परिषद् का लाखों रूपये बच रहा है। मेरे कार्यकाल में बैकुण्ठपुर की स्ट्रीट लाईट का कायाकल्प किया गया और इसके लिये मेरे द्वारा कथक प्रयास के बाद और भाजपा के बाधा डालने के बावजूद 01 करोड़ 31 लाख रूपये स्वीकृत कराये गये। जिसका टेन्डर प्रदेश स्तर पर कराया गया इसका काम तीन चरणों में हुआ। दो टेन्डर कटघोरा जिला-कोरबा की पार्टी को और एक टेण्डर बैकुण्ठपुर की पार्टी को मिला। जो बाजार दर से 25 फीसदी कम रहा। इस पर जो कार्य हुआ है। उसे लेकर झूठा आरोप भाजपा और गौ रक्षा वाहिनी के लोगों के द्वारा किया जा रहा है। पूर्व अध्यक्ष शैलेष शिवहरे के कार्यकाल में जितनी भी सीसी सड़क बनी थी, वह सारी उखड़ रही थी। हर मोहल्ले से नागरिकों व पार्षदों की शिकायत आ रही थी कि, लोगों को आवागमन में असुविधा हो रही है। इसके तहत मैंने सारी सड़कों का बी.टी. और रिनोवेशन कराने का प्रस्ताव कराकर स्वीकृत कराई और पुरानी उखड़ी हुई सड़कों के ऊपर डामरीकरण कराकर पुरानी परिषद् के काले कारनामों को छुपाने का ही काम किया है लेकिन भाजपा और गौ रक्षा वाहिनी के लोग अपने कारनामें नहीं बता रहे हैं बल्कि उनको इस कार्य में भी गलत काम नजर आ रहा है। जो इनकी विकास विरोधी मानसिकता का ही परिचायक बन गया है पूराने कार्यकाल में ही नालियों के ढक्कन भी बड़ी संख्या में घटिया बनाये गये थे जो ज्यादातर क्षतिग्रस्त या टूट गये थे हमारी परिषद ने सडकों और नालियों के उक्कनों को सुधारने का अभियान चलाकर नागरिकों को राहत प्रदान करने का महत्त्वपूर्ण कार्य किया है।
इनके द्वारा राम मंदिर तालाब और जेल तालाब की खुदाई आदि में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया जा रहा है। यह आरोप भाजपा शासनकाल में लगाया गया था। इस पर तत्कालीन अध्यक्ष शैलेष शिवहरे और मंत्री भईया लाल राजवाड़े के निर्देश पर कलेक्टर व अन्य एजेंसी द्वारा जांच भी कराई गई थी। जिस पर कोई भी शिकायत प्रमाणित नहीं हुई। लोगों को गुमराह करने के लिए लगातार केवल मीडिया के माध्यम से तालाब गहरीकरण व सौंदर्यीकरण में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया जाता है। जो एकदम निराधार शाबित हुआ है। आज भी जेल-तालाब में पानी नहीं है और खुदाई के काम की जांच किसी भी एजेंसी से करा ले। इसकी मैं खुली चुनौती दे रहा हूँ। पूर्व अध्यक्ष शैलेष शिवहरे के कार्यकानल में एस.ई.सी.एल. द्वारा राम मंदिर तालाब में कार्यों के लिये लाखों रुपये दिये गये थे जो आज तक आम जनता में चर्चा का विषय बने हुये है। उस रूपये का क्या कार्य हुआ ? उसे तत्कालीन परिषद बताने में नाकाम रही है। तालाब खाली करने के नाम पर लाखों रूपये खर्च करना बताया गया था। परिषद् द्वारा अध्यक्ष निधि व पार्षद निधि से सर्वसुविधायुक्त मीटिंग हॉल का निर्माण कराया जा रहा है। इसमें किसी से भी आवंटन नहीं लिया गया है। अध्यक्ष और पार्षदों द्वारा दी गई निधि से इसका निर्माण कराया जा रहा है। जिसकी सभी द्वारा सराहना की जा रही है लेकिन भाजपा के लोगों को नगर पालिका के हर काम में बुराई ही नजर आ रही है यह मीटिंग हॉल नगर पालिका की स्थायी सम्पत्ति है और कोई भी अध्यक्ष आये या कोई भी पार्षद आये, इसका उपयोग सभी लोग कर सकेंगे। यह कोई मेरी व्यक्तिगत सम्पत्ति नहीं है। जिला जेल के सामने गांधी पार्क को भी लेकर भाजपा और गौ रक्षा वाहिनी द्वारा झूठा प्रचार किया जा रहा है। गांधी पार्क का कायाकल्प किया जाना है जो छत्तीसगढ़ सरकार का ही कार्यक्रम है। इसमें पूर्व में लाखों रूपये खर्च करने की बात जो की जा रही है वह सरासर झूठ का पुलिन्दा है। कोई भी नागरिक नगर पालिका परिषद से इस संबंध में जानकारी या सूचना ले सकता है और सारी सच्चाई का पता चल जावेगा। गांधी पार्क की बदहाली को लेकर स्थानीय नागरिक भी चितित थे। इसी कारण इसका कायाकल्प किया जा रहा है लेकिन इसे भी भाजपा व गौ रक्षा वाहिनी के लोग पचा नहीं पा रहे है। गी रक्षा के नाम पर कुछ लोगों द्वारा संस्था चलायी जा रही है लेकिन आज भी बैकुण्ठपुर के गली चौक चौराहों में मवेशियों को घूमते या बैठे हुये देखा जा सकता है। नगर पालिका क्षेत्र में हमने गौठान बनाने का निर्णय लिया है। जिसका संचालन नगर पालिका परिषद् करेगी और जो सामाजिक कार्यकर्ता इस कार्य से जुगना चाहते है ये भी इसमें जुने का आवेदन कर सकते हैं। सरकार द्वारा नियमानुसार जो सहायता दी जाती है यह उन्हें प्रदान करायी जायेगी।







