दंतेवाड़ा / जारी नक्सल ऑपरेशन में पुलिस को लगातार सफलता हाथ लग रही है। पर आज का वाक्या कुछ अजीब था, जब दो नक्सलियों ने पुलिस के समक्ष सरेंडर किया, खास बात यह रही कि आत्मसमर्पण करने पहुंचे दोनों नक्सली अपने साथ हथियार व विस्फोटक सामग्री भी लेकर पहुंचे थे।
आपको बता दे कि पुलिस ने प्रेसवार्ता कर पुरे मामले कि जानकारी से अवगत कराया और बताया कि आत्मसमर्पित नक्सली जनमिलिशिया सदस्य नेल्लीराम कश्यप व मुन्ना इस्ता बस्तर संभाग के माड़ डिवीजन में सक्रिय थे। दोनों ही नक्सली कई वारदातों में शामिल रहे हैं। दोनों नक्सलियों ने सरेंडर के वक्त 2 भरमार बंदूक, जिंदा टिफिन बम और बारूद आदि ले कर पुलिस के समक्ष सरेंडर किया है जिसे पुलिस अचानक देख दंग रह गई थी।
जनमिलिशिया सदस्य नेल्ली राम नक्सली लीडर अजय व दीपक के कहने पर चार साल पहले संगठन से जुड़ा था। उसे 2016 में नक्सली नेताओं ने हांदावाड़ा क्षेत्र में भेजा था, जहां वह जनमिलिशिया सदस्य के रूप में कार्य कर रहा था। जबकि नक्सली मुन्ना इस्ता 2013 से माओवादी संगठन में शामिल हुआ था। पुलिस के अनुसार दोनों ही माओवादी नक्सलियों की खोखली विचारधारा व पक्षपातपूर्ण रवैये से तंग आ चुके थे। वहीं छग पुलिस की पुर्नवास नीति से प्रभावित होकर उन्होंने समाज की मुख्यधारा में शामिल होना बेहतर समझा। पुलिस द्वारा इन्हें 10-10 हजार रूपए प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई है।
