अंबिकापुर / बार-बार शिक्षाकर्मियों की मांगों पर निर्णय के लिए बनाई गई कमेटी के समय सीमा में वृद्धि से शिक्षाकर्मी नाराज है। इस मामले में शिक्षाकर्मी मोर्चा के जिला संचालक मनोज वर्मा ने कहा है कि सरगुजा के 6 हजार शिक्षाकर्मी संविलियन में ही रहे देरी से काफी आक्रोशित है। अब 05 मई ही कमेटी की अंतिम समय सीमा होनी चाहिए और अब इसमें किसी भी प्रकार का कोई विस्तार मंजूर नहीं है। अगर इसके बाद भी कमेटी की अवधि बढ़ाई जाती है तो इसका विरोध किया जाएगा।
उन्होंने कहा है कि मुख्यमंत्री का रुख सकारात्मक है पर कमेटी के अधिकारी टालमटोल कर रहे हैं जिसके चलते मामले में लेटलतीफी हो रही है। उनका कहना है कि कमेटी शासन को क्रमोन्नति, समानुपातिक, सातवां वेतनमान सहित संविलियन औऱ शासकीयकरण का प्रस्ताव दे। साथ ही उन्होंने बताया है कि संविलियन में कोई संवैधानिक दिक्कत नहीं है साथ ही राजस्थान में रिक्त पदों पर है संविलियन का प्रावधान है।
छत्तीसगढ़ के सेटअप में भी रिक्त पद है और शिक्षाकर्मियो की भर्ती ही शिक्षको के पद विरुद्ध हुई है। मुख्यमंत्री ने 03 माह का समय दिया पर दुर्भाग्य की बात है, कमेटी ने 1–1 माह कर 02 माह का समय लेकर शिक्षाकर्मी मामले को लटकाया।
मनोज वर्मा ने कहा कि मांग के बाद भी संविलियन के विषय को कमेटी में शामिल किये जाने का लिखित आदेश नहीं निकाला गया।
छत्तीसगढ़ पंचायत एवं नगरीय निकाय शिक्षक संघ द्वारा राजस्थान व मध्यप्रदेश की तरह छत्तीसगढ़ में संविलियन लागू करने की मांग की गई थी, जिसके आधार पर शासन ने उप संचालक स्तर की टीम बनाकर राजस्थान में अपनाए गए प्रक्रिया का अध्ययन करने भेजा था, अतः शासन का रुख संविलियन के प्रति सकारात्मक है।
प्रदेश मोर्चा संचालक संजय शर्मा ने कहा कि 01 मई को कमेटी के समक्ष संविलियन सहित 09 सूत्रीय मांगों को प्रमुखता से रखेंगे और इससे जुड़े कई सवाल पूछेंगे। पूर्व में भी 157 पेज का तथ्यात्मक दस्तावेज सौप चुके है और वही तथ्य पुनः संज्ञान में लाएंगे।
वेतनमान की विसंगति में हो सुधार – मनोज वर्मा – उन्होंने कहा है कि पुनरीक्षित वेतनमान की विसंगति को सुधारकर 7 वां वेतनमान का निर्धारण करते हुए क्रमोन्नति, समयमान वेतन के आधार पर पुनरीक्षित वेतनमान की विसंगति दूर किया जावे। वर्ग-3 को समानुपातिक वेतनमान दिया जाने की मांग भी की। इसके साथ ही समयमान, क्रमोन्नति, समानुपातिक वेतन के आधार पर 7 वां वेतनमान के निर्धारण का वेतन मैट्रिक्स का फार्मूला तैयार कर संविलियन का आदेश जारी किया जाए।
