कोरिया / स्थानीय विश्राम गृह बैकुण्ठपुर में फेडरेशन से सम्बद्ध समस्त संघों के पदाधिकारियों की एक आवश्यक बैठक आयोजित हुई। जिसमें बीजेपी के घोषणा पत्र में उल्लेखित उस वादे की ओर शासन का ध्यान आकृष्ट करने के लिए 27 जून 2018 को एक दिवसीय सामूहिक अवकाश लेने और उस को सफल बनाने पर चिंतन किया गया। बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि उस दिन सभी कर्मचारी अधिकारी 11 बजे से 3 बजे तक पुराने कलेक्ट्रेट के सामने धरना देंगे और उसके बाद ज्ञापन सौंपेंगे।
राजेन्द्र सिंह दद्दा ने विषय की जानकारी देते हुए बताया कि सामूहिक अवकाश में समस्त नियमित अधिकारी और कर्मचारी के संघ शामिल हैं जो 4 स्तरीय वेतन संरचना की मांग कर रहे हैं जो बीजेपी ने अपने घोषणा पत्र में वादा किया था कि इस बार हमारी सरकार पुनः सत्ता में आती है तो कर्मचारियों की इस मांग को पूरा कर दिया जाएगा। पर ऐसा हो न सका।
सरकार के तेवर सख़्त हैं, पहले दमनकारी नीति के तहत नर्सों की फिर दबाव डाल कर पुलिस के परिजनों की हड़ताल को विफल करने का प्रयास ये सरकार कर रही है। कर्मचारी हित की कोई योजना इस सरकार के पास नही है और संघ जब इसकी मांग करता है तो अंग्रेजों की भांति उसे कुचल दिया जाता है। इसी रीति नीति के विरुद्ध सभी संघों के फेडरेशन ने बिगुल फूंका है कि यदि अब भी आप हमारे हित के विरुद्ध रहोगे तो चुनाव में हम और हमारे परिवार जन आपको वोट नही करेंगे।
बैठक में राजेन्द्र सिंह, गजानन तिवारी, के.जेड.उस्मानी, अशोक यादव, आत्मा नंद सिंह, प्रेम चंद गुप्ता, आर पी गौतम, अतर सिंह, रामकुमार राजवाड़े, राम सेवक मरावी, शंकर सुवन मिश्रा, अनुराग सोनी, घनश्याम जायसवाल, प्रशांत नायर आदि उपस्थित थे।
सभी ने एक मतेन इस कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु अपने अपने ब्लॉक और तहसील पदाधिकारियों को निर्देशित करने का संकल्प लिया और अवकाश का प्रपत्र लेकर सोमवार को कार्यालयों में सम्पर्क करने की बात कही।
