कोरिया / लोकतंत्र के महापर्व में मंगलवार को हर वर्ग में खासा असर देखने को मिला मतदाताओं ने बढ चढकर मतदान में हिस्सा लिया।
वहीं बैकुंठपुर के स्कूलपारा आंगनबाड़ी केन्द्र में एक ऐसे युवक ने मत देकर मिसाल कायम की जो कि 8 माह पूर्व 50 दिनों तक कोमा में रहा। युवक ने उत्साह के साथ हिस्सा लेकर मजबूत लोकतंत्र के लिये मतदान किया। इस बार मतदान पूर्व जिला स्वीप समिति और निर्वाचन आयोग द्वारा वृहद स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया गया था जिसका असर वास्तव में देखने को मिला है। मतदान में हिस्सा लेने वाले युवक हिमांशु मिश्रा के परिजन ने बताया कि 14 मार्च को हुये सड़क दुर्घटना में उसके सिर में गंभीर चोट आई थी,जिसके बाद सर का आपरेशन कराया गया और वह 50 दिनों तक कोमा में रहकर जिंदगी और मौत से संघर्ष करता रहा अंततःउसे जिंदगी वापस मिली। मार्च से लेकर जून तक युवक हास्पीटल में ही रहा और अभी भी वह पूरी तरह से स्वस्थ नही हो सका है,मानसिक रूप से वह पूरी तरह से परिपक्व नही हो सका है, उसके बावजूद उसने अपने मत का प्रयोग किया।
परिजन ने बताया कि टीव्ही,मोबाईल,समाचार पत्रों में निर्वाचन आयोग और जिला स्वीप समिति द्वारा चलाये गये मतदाता जागरूकता अभियान को देखने के बाद से उसने भी 20 तारीख को मतदान करने की जिद लगा रखी थी और मतदान दिवस उसने उत्सुकता के साथ वोट देने की इच्छा व्यक्त की । जिसके बाद परिजन उसे मतदान केन्द्र लेकर पहुंचे और मतदान कराया। मतदान के बाद युवक हिमांशु मिश्रा ने उंगली में लगे वोट के निशान को दिखाकर प्रशन्नता व्यक्त की।
