राजनांदगांव / मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने राजनांदगांव जिले के किसान आत्महत्या के मामले को गम्भीरता से लेकर सच्चाई सार्वजनिक करा कर जहाँ अपनी कृषको के प्रति संवेदनशीलता का परिचय दिया है वही पिछले भाजपा शासन में कर्ज से परेशान किसानों के द्वारा किये गए आत्महत्या मामले पर तात्कालिक सरकार के सुस्ततापूर्ण दृष्टिकोण को भी उजागर किया है।
जिला कांग्रेस के प्रवक्ता रूपेश दुबे ने बताया कि कलेक्टर राजनांदगांव के निर्देश पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व डोंगरगांव ने छुरिया विकासखंड के गहिराभेड़ी गांव के किसान श्री राधेलाल यादव आत्मज श्री शोभाराम यादव उम्र 53 वर्ष द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या करने के मामले में जांच कर रिपोर्ट शासन के समक्ष प्रस्तुत किये है।
श्री राधेलाल यादव द्वारा 7 अगस्त को आत्महत्या किए जाने के संबंध में तहसीलदार छुरिया से प्रतिवेदन लिया गया है। प्रतिवेदन के अनुसार श्री राधेलाल ने 7 अगस्त को पहाड़ी में सेनहा वृक्ष पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है। आत्महत्या किए जाने के संबंध में मृतक के पुत्र श्री बेलुराम यादव ने बताया की स्वर्गीय श्री राधेलाल यादव 3-4 वर्ष से पेट दर्द व कमर दर्द से पीडि़त थे। ईलाज के उपरांत भी ठीक न होने के कारण आत्महत्या की होगी। प्रतिवेदन में यह भी कहा गया है कि 7 अगस्त को मृतक श्री राधेलाल का पोस्टमार्टम किया गया, जिसमें चिकित्सक द्वारा मृतक को हाइड्रोसिल से पीडि़त होना पाया गया। मृतक के परिवार से उनका स्थानीय ईलाज कराए जाने की जानकारी प्राप्त हुई है। मृतक श्री राधेलाल के परिवार में उनकी पत्नी श्रीमती इन्दिया बाई उम्र 45 वर्ष, पुत्र श्री बेलुराम उम्र 35 वर्ष, पुत्रवधु श्रीमती राजबाई उम्र 32 वर्ष, पुत्री श्रीमती पुनिता बाई उम्र 33 वर्ष, नाती डोमन दास एवं डाल सिंग, नतनीन कुमारी डाली सदस्य है।
कोटवार एवं पटवारी हल्का द्वारा मृतक की पत्नी एवं पुत्र से आत्महत्या का कारण जानने पर बताया गया कि मृतक श्री राधेलाल यादव स्वास्थ्यगत समस्या से जूझ रहे थे। मृतक श्री राधेलाल के नाम पर ग्राम गहिराभेड़ी में कुल 2.19 एकड़ कृषि भूमि है। अभी इस भूमि में खरीफ फसल धान बोया गया है। समिति प्रबंधक साल्हेटोला ने दूरभाष में बताया कि मृतक के नाम का 10 हजार 391 रूपए का पुराना कर्जा माफ किया गया है। मृतक ने हाल ही में 10 हजार रूपए नगद कर्ज और 3 हजार 337 रूपए का खाद-बीज सोसायटी से प्राप्त किया है। ग्रामीणों और परिवार से मिली जानकारी अनुसार किसी अन्य व्यक्ति से कर्ज नहीं लिया है। थाना गैंदाटोला से भी जांच में पुलिस अधिकारी गए थे। मृतक श्री राधेलाल का 7 अगस्त को शव परीक्षण पश्चात् परिवार वालों को सौपने के बाद 7 अगस्त को ही विधिवत रूप से अंतिम संस्कार किए जाने की जानकारी दी गई है।
एसडीएम ने ज्ञापन में कहा है कि उपरोक्त प्राप्त जानकारी के आधार पर मृतक द्वारा आत्महत्या बीमारी एवं स्वास्थ्यगत कारणों से परेशान होकर किए जाने की पुष्टि हुई है, न कि कर्ज में डुबे होने से सरकार जांच सार्वजनिक कर साहसिक कदम उठाई है जो स्वागतेय है।
