रायपुर / यह बिल्कुल सही है जब रोम जल रहा था तब वहां का शासक नीरो बंशी बजा रहा था। यह उदाहरण भारत सरकार के केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के ऊपर बराबर बैठती है।
समय-समय पर जारी आंकड़ो के आधार पर मूल्यांकन किये गए कामकाज के आधार पर सरकार में कामकाज के आधार पर दूसरे स्थान पर केंद्रीय भूतल परिवहन, ट्रांसपोर्ट, शिपिंग मंत्रालय आता है। यही मंत्रालय यदि 25 मार्च 2020 लॉकडौउन के दिन से महत्त्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए थी।जिससे करोड़ो लोगो सैकड़ो किलोमीटर पैदल यात्रा सहित साईकल, बैलगाड़ी, रिक्शा,ऑटो,ट्रक में जाना नही पड़ता।इस मंत्रालय की अब तक शून्य है।मंत्री जी विगत हप्ते कहते है कि देश मे जल्दी ही सड़क परिवहन शुरू होंगे।जब तक यह शुरू होगा तो देश मे सैकड़ो बेबस मज़दूर ओरैया दुर्घटना की तरह ना जाने और कितने दुर्घटना में बेमौत मारे जाएंगे।केन्द्र सरकार चाहे तो अगले 15 दिनों में करोड़ो प्रवासी मज़दूरों, छात्रों, कामगारों को उनके राज्य पहुंचा सकता है।इसमें सभी राज्य सरकारो की भूमिका भी बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि लॉकडौउन के समय खाली खड़ी सरकारी, प्राइवेट बसो, टैक्सी से इन्हें इनके गांव, ब्लॉक, शहर बिना किसी राजनीति के सकुशल घर पहुंचाया जा सकता है अगर इच्छा शक्ति मजबूत हो तो।
