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भाजपा ने किए कोल ब्लॉक आवंटन और वन स्वीकृति से जुड़े दस्तावेज सार्वजनिक, भूपेश सरकार को बताया ‘झूठ की फैक्ट्री’


भाजपा की प्रेस वार्ता में कांग्रेस पर बड़ा हमला, कहा – झूठ बोलकर छुपा रहे हैं भ्रष्टाचार

रायपुर। छत्तीसगढ़ में कोल ब्लॉक आवंटन और पेड़ों की कटाई को लेकर छिड़ी सियासत के बीच भाजपा ने शनिवार को प्रेस वार्ता कर कांग्रेस पर बड़ा हमला बोला। वन एवं सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को “झूठ की फैक्ट्री” करार देते हुए कहा कि कांग्रेस शासनकाल में प्रदेश के संसाधनों की खुलकर लूट हुई। भाजपा ने इस दौरान कोयला आवंटन से जुड़े कई दस्तावेज भी सार्वजनिक किए।

कश्यप ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने कोल ब्लॉक आवंटन, वन स्वीकृति और पर्यावरण क्लीयरेंस के मामले में लगातार झूठ फैलाया। लेकिन दस्तावेज साफ बताते हैं कि खुद भूपेश बघेल ने मुख्यमंत्री रहते कोल ब्लॉक आवंटन को लेकर केंद्र को सिफारिशें भेजीं। 16 अक्टूबर 2019 को भूपेश सरकार ने पर्यावरण स्वीकृति के लिए पत्र भेजा और 2021, 2022 तथा 2023 में चरणबद्ध तरीके से वन स्वीकृति भी दी।

“दस जनपथ का चारागाह बना दिया था छत्तीसगढ़”

कश्यप ने कहा, “अपने शासनकाल में भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ को दस जनपथ (कांग्रेस नेतृत्व) का चारागाह बना दिया। शराब, कोयला, पीएससी, चावल और गोठान घोटालों में कांग्रेस शासन पूरी तरह लिप्त था। अब इन घोटालों के आरोपी जेल जा रहे हैं।”

उन्होंने कहा कि भूपेश बघेल और कांग्रेस अब अपने भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए रोज 100 झूठ बोल रहे हैं, लेकिन भाजपा बार-बार तथ्यों के साथ सच्चाई सामने ला रही है।

“कांग्रेस ने ही नो-गो ज़ोन को बनाया गो एरिया”

केदार कश्यप ने याद दिलाया कि वर्ष 2010 में जब केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी, तब हसदेव अरण्य को नो-गो जोन घोषित किया गया था, लेकिन बाद में कांग्रेस सरकार के ही तत्कालीन पर्यावरण मंत्री जयराम रमेश ने इसे गो एरिया बना दिया।

वर्ष 2011 में तारा परसा ईस्ट और कांटे-बेसन ब्लॉक खोलने का प्रस्ताव केंद्र में कांग्रेस सरकार ने ही दिया। इसके बाद कांग्रेस शासित राजस्थान सरकार ने बार-बार कोल ब्लॉक के लिए चिट्ठियां लिखीं और छत्तीसगढ़ सरकार ने मंजूरी दी।

भाजपा के तीखे सवाल:

भाजपा ने कांग्रेस से तीन सीधे सवाल पूछे:

  1. क्या कांग्रेस मनमोहन सरकार के फैसलों के लिए देश से माफ़ी मांगेगी?
  2. क्या भूपेश बघेल और कांग्रेस अब बिजली का इस्तेमाल बंद करेंगे, जैसा वे खुद बिजली विरोधियों को कह चुके हैं?
  3. क्या कांग्रेस हर भ्रष्ट आरोपी के समर्थन में इसी तरह खड़ी होती रहेगी?

पत्रों के जरिए साजिश के दस्तावेज उजागर

कश्यप ने बताया कि राजस्थान के तत्कालीन मंत्री बी.डी. कल्ला और मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भूपेश बघेल को कोल ब्लॉक आवंटन के लिए कई पत्र भेजे, जिस पर तत्कालीन भूपेश सरकार ने तेजी से प्रतिक्रिया दी।

भाजपा ने दावा किया कि दस्तावेजों से यह सिद्ध हो गया है कि कांग्रेस सरकार ने अडानी समूह को खदानें देने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और अब उसी पर झूठ फैलाकर बचाव की कोशिश की जा रही है।

प्रेस वार्ता में प्रदेश महामंत्री एवं नान अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव, खनिज विकास निगम अध्यक्ष सौरभ सिंह, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा, मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी, आलोक सिंह और सोशल मीडिया संयोजक सोमेश पांडेय भी मौजूद रहे।


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