रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में धान खरीदी के मुद्दे पर जमकर हंगामा हुआ। विपक्ष द्वारा लाए गए स्थगन प्रस्ताव पर सत्ता और विपक्ष के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली।
मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि विपक्ष जिस विषय पर स्थगन प्रस्ताव लाया है, उस पर इस तरह चर्चा उचित नहीं है। इसके बाद विपक्षी सदस्य आक्रामक हो गए और सरकार पर किसानों की अनदेखी का आरोप लगाया।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सरकार को घेरते हुए कहा कि इस साल धान का रकबा घटा, कई किसानों की खरीदी नहीं हुई और कर्ज अब भी बकाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को संदेह की नजर से देखा जा रहा है और बिना पूर्व सूचना उनके परिसरों में जांच की गई।
बघेल ने सदन में कहा, “मेरे खेत में भी बिना सूचना जांच हुई। किस आदेश और किस नियम से यह कार्रवाई की गई? क्या प्रदेश में अधिकारी राज चल रहा है?” उन्होंने संबंधित अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की।
धान खरीदी का मुद्दा अब सियासी तूल पकड़ता नजर आ रहा है, जिससे आने वाले दिनों में और तीखी बहस की संभावना है।
