कोरिया बैकुंठपुर/ जिला मुख्यालय बैकुंठपुर के घड़ी चौक स्थित कुमार मेडिकल स्टोर को खाद्य विभाग की टीम ने बीते 9 जुलाई की देर शाम से बंद कर दिया गया था। दुकान संचालक अनियमितताओं को दूर करते हुए आवेदन दिया इस पर कार्यवाही करते हुए उक्त दुकान के संचालन की अनुमति दे दी गई है।
इस संबंध में मिली जानकारी के मुताबिक बीते 9 जुलाई को टीम की दबिश के दौरान दुकान में फार्मासिस्ट की अनुपस्थिति और अन्य अनिमिताएँ के कारण औषधीय एवं प्रसाधन अधिनियम-1940 नियमावली-1945 के नियम 65(2) के प्रावधानों के अंतर्गत कार्यवाही की थी और आगामी आदेश तक कुमार मेडिकोज को बंद करने कहा गया था। सोमवार को टीम आवेदन के बाद उक्त दुकान में पहुंची और सभी व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए कागजी कार्यवाही के बाद दुकान संचालन की अनुमति दे दी गई है।
इस दौरान खाद्य औषधि की संयुक्त टीम में औषधि निरीक्षक द्वय आलोक मिंज और विकास लकड़ा, खाद्य सुरक्षा अधिकारी सागर दत्ता और नमूना सहायक प्रमोद पैंकरा रहे।
मामले में औषधि निरीक्षक आलोक मिंज ने जानकारी देते हुए बताया कि बीते दिनों की कार्यवाही के दौरान फार्माशिष्ट की दुकान के संचालक ने आवेदन देकर फार्माशिष्ट की व्यवस्था कर ली है जिसके कारण दुकान संचालन की अनुमति दुकान संचालक को दे दी गई है। अब दुकान संचालक मेडिकल का संचालन कर सकते है।
इस संबंध में कोरिया जिले के अध्यक्ष शैलेश गुप्ता ने बताया कि हमने संवैधानिक प्रक्रिया के अनुरूप जो भी मदद पहुचाई जा सकती थी वह उपलब्ध कराई।प्रतिष्ठान में फार्मासिष्ट नही होने के संबंध में उन्होंने बताया कि उपरोक्त प्रतिष्ठान में फार्मासिस्ट की नियुक्ति पूर्व से है किंतु निरीक्षण के दौरान फार्मासिस्ट के नही पाए जाने के कारण ही कार्यवाही की गई थी,नियुक्त फार्मासिष्ट ने इस पर अपना स्पष्टीकरण विभाग को दे दिया है।
अमानक दवाओं के संबंध में उन्होंने बताया की यह एक विभागीय प्रक्रिया है जिसमे समय समय पर नमूने एकत्रित किये जाते है एवम परीक्षण हेतु भेजे जाते है किंतु अभी तक मेरी जानकारी में ऐसे किसी भी नमूने की रिपोर्ट नकारात्मक नही आई है कि जिसके आधार पर यह कहा जा सके कि कोई वस्तु अमानक स्तर की थी। प्रथम दृष्टया अगर कोई वस्तु संदेहास्पद लगती है तो विभाग उन्हें परोक्षण हेतु भेजता है किंतु परिक्षण का परिणाम नकारात्मक आने पर ही वह अमानक सिद्ध होगी।
