रायपुर, 4 फरवरी 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य की सुरक्षा, डिजिटल ढांचा, शहरी विकास और रोजगार से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।
राज्य में नशे के खिलाफ अभियान को मजबूत करने के लिए 10 जिलों में जिला स्तरीय एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स का गठन किया जाएगा, जिसके लिए 100 नए पद स्वीकृत किए गए हैं। वहीं, पुलिस मुख्यालय में 44 पदों के साथ स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) का गठन किया जाएगा, जो आतंकी घटनाओं और गंभीर आपात स्थितियों में त्वरित कार्रवाई करेगा।
कैबिनेट ने राज्य में पायलट प्रशिक्षण के लिए फ्लाइट ट्रेनिंग ऑर्गनाइजेशन की स्थापना को मंजूरी दी है, जिससे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे और विमानन क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ नवाचार एवं स्टार्टअप नीति 2025-26 को भी स्वीकृति दी गई है, जिससे राज्य का स्टार्टअप ईकोसिस्टम मजबूत होगा और निवेश बढ़ेगा।
हाउसिंग बोर्ड और रायपुर विकास प्राधिकरण द्वारा बनाई गई और पूरी हो चुकी 35 आवासीय कॉलोनियों को नगर निगम और नगर पालिकाओं को सौंपने का निर्णय लिया गया है, जिससे नागरिकों को पानी, बिजली, सड़क और सफाई जैसी मूलभूत सुविधाएं आसानी से मिल सकेंगी और दोहरे खर्च से राहत मिलेगी।
नवा रायपुर अटल नगर में शासकीय विभागों और निगम मंडलों के लिए एक बहुमंजिला भवन का निर्माण किया जाएगा, ताकि भूमि का बेहतर उपयोग हो सके। वहीं, सिरपुर और अरपा क्षेत्र के सुनियोजित विकास के लिए संबंधित जिलों के कलेक्टरों को शासकीय भूमि आबंटन का अधिकार दिया गया है।
डिजिटल शासन को मजबूत करने के लिए छत्तीसगढ़ क्लाउड फर्स्ट नीति लागू करने की मंजूरी दी गई है, जिसके तहत सभी सरकारी सेवाएं सुरक्षित क्लाउड प्लेटफॉर्म पर संचालित होंगी। साथ ही, दूरस्थ और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए मोबाइल टावर योजना को भी हरी झंडी दी गई है।
इन फैसलों से राज्य में प्रशासनिक दक्षता, सुरक्षा व्यवस्था, डिजिटल सेवाओं और आर्थिक विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है।
