रायपुर, 17 जून। सिक्ख पंथ के पांचवें गुरु एवं शहीदों के सरताज गुरु अर्जन देव जी के शहीदी दिवस पर छत्तीसगढ़ सिक्ख काउंसिल द्वारा राजधानी रायपुर के जयस्तंभ चौक में विशाल छबील सेवा का आयोजन किया गया। इस दौरान भीषण गर्मी से राहत देने के उद्देश्य से राहगीरों, आम नागरिकों और श्रद्धालुओं को ठंडा मीठा शरबत एवं चना प्रसाद वितरित किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत अरदास के साथ हुई। बड़ी संख्या में सिक्ख समाज, विभिन्न गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटियों एवं सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने सेवा में भाग लिया। राहगीरों ने अपने वाहन रोककर शरबत ग्रहण किया और गुरु अर्जन देव जी की शहादत को नमन करते हुए सेवा कार्य की सराहना की।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य अल्पसंख्यक आयोग एवं छत्तीसगढ़ सिक्ख काउंसिल के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा ने कहा कि गुरु अर्जन देव जी ने मानवता, धर्म और सत्य की रक्षा के लिए अद्वितीय बलिदान दिया था। उनका जीवन त्याग, सेवा, सहिष्णुता और समर्पण का प्रेरणास्रोत है। उन्होंने बताया कि गुरु साहिब को मुगल शासन के दौरान तपते तवे पर बैठाकर और गर्म रेत डालकर शहीद किया गया था।

उन्होंने कहा कि गुरु साहिब के पवित्र वचन “तेरा भाणा मीठा लागे” को स्मरण करते हुए शहीदी दिवस पर ठंडे शरबत की छबील लगाई जाती है। इससे पहले 40 दिनों तक गुरुद्वारों में सुखमणि साहिब का पाठ किया जाता है। छबील सेवा केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि मानवता की सेवा का जीवंत उदाहरण है।
कार्यक्रम में समाजसेवी हैप्पी सिब्बल, जगजीत सिंह खनूजा, जी.एस. भामरा, विधायक मोतीलाल साहू, सुनील सोनी, गगनदीप सिंह हंसपाल, वर्णिका शर्मा, मोना सेन, कुलदीप जुनेजा, रतनजीत कौर, राजू होरा, हरविंदर सिंह, गुरदीप टुटेजा, कुलवंत छाबड़ा, मनीषा सिंह, परविंदर सिंह भाटिया, सतीश थोरानी, अमर परवानी, तजिंदर सिंह सलूजा, जस्सी खन्नूजा, अमरजीत सिंह संधू, अमरजीत सिंह दत्ता और दलजीत चावला सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
छत्तीसगढ़ सिक्ख काउंसिल ने इस अवसर पर सभी लोगों से गुरु अर्जन देव जी के बताए मार्ग पर चलने, मानव सेवा को जीवन का आधार बनाने तथा समाज में भाईचारा, प्रेम और सद्भावना को बढ़ावा देने का आह्वान किया।
