Advertisement Carousel

पेपर लीक की सूचना मिलते ही कृषि मंत्री नेताम ने दिखाई सख्ती, तत्काल FIR और जांच के निर्देश


रायपुर, 20 अगस्त 2026। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में बीएससी द्वितीय वर्ष की एंटोमोलॉजी विषय की परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक होने की सूचना को कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने गंभीरता से लिया है। मामले की जानकारी मिलते ही उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन को तत्काल जांच समिति गठित करने और दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए। मंत्री के निर्देशों के बाद मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है।


कृषि मंत्री नेताम ने स्पष्ट कहा कि परीक्षाओं की निष्पक्षता और विद्यार्थियों के भविष्य से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रश्नपत्र लीक जैसी घटना बेहद गंभीर है। जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।


दरअसल, बीएससी द्वितीय वर्ष की एंटोमोलॉजी विषय की परीक्षा 20 अगस्त को आयोजित होनी थी। परीक्षा शुरू होने से ठीक पहले विश्वविद्यालय प्रशासन को प्रश्नपत्र लीक होने की सूचना मिली। सुबह करीब 8:50 बजे कवर्धा से प्रश्नपत्र लीक होने की जानकारी मिलने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सुबह 10:30 बजे परीक्षा निरस्त करने का निर्णय लिया।


मामले की जांच के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने पांच सदस्यीय जांच समिति गठित की है। समिति पूरे घटनाक्रम और प्रश्नपत्र लीक होने के सभी पहलुओं की जांच कर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। रिपोर्ट के आधार पर जिम्मेदारी तय करते हुए दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।


मंत्री नेताम ने कहा कि विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी। निरस्त परीक्षा की आगामी तिथि जल्द निर्धारित की जाएगी और इसकी सूचना परीक्षार्थियों को समय पर दी जाएगी।


गौरतलब है कि विश्वविद्यालय में प्रश्नपत्रों की सेटिंग और छपाई विश्वविद्यालय स्तर पर ही की जाती है। इसके बाद प्रश्नपत्र संबंधित महाविद्यालयों को भेजे जाते हैं। ऐसे में प्रश्नपत्र लीक होने की घटना में विश्वविद्यालय स्तर से लेकर प्रश्नपत्रों के वितरण तक की पूरी प्रक्रिया की जांच की जा रही है।

error: Content is protected !!