कोरबा में पूर्व डिप्टी सीएम के छोटे बेटे-बहु और पोती की निर्मम हत्या के मास्टर माईंड घर की ही बड़ी बहू और मृतक हरीश कंवर की भाभी निकली। मृतक हरीश कंवर के बड़े भाई हरभजन की पत्नी ने अपने पति और बेटी के साथ मिलकर इस हत्याकांड की साजिश रची, और फिर हरभजन की पत्नी ने अपने भाई परमेश्वर और उसके एक अन्य साथी रामप्रसाद मन्नेवार से इस हत्याकांड को अंजाम दिलवाया।
कोरबा एसपी ने मामले का खुलासा करते बताया कि हरभजन और उसकी पत्नी ने 4 दिन पहले ही इस हत्याकांड को अंजाम देने की योजना बना ली थी। 4 दिन पहले भी आरोपी तड़के भैसमा पहुंच थे, लेकिन वो अपने मंसूबे में कामयाब नही हो सके। लेकिन 21 अप्रैल की सुबह आरोपियों ने शराब के नशे में इस खूनी वारदात को अंजाम दे दिया। सुबह के वक्त जैसे ही इस हत्याकांड की जानकारी मिली तो एसपी खुद पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। घटनास्थल पर विभत्स तरीके से हुए इस हत्याकांड को देखने के बाद पुलिस अधिकारियों को पहले ही इस पूरे वारदात में करीबियों के शामिल होने का शक हो गया था। लिहाजा मौके से जांच में सुबह 4 बजें घर से टहलने निकले हरभजन के मोबाईल की जांच की गयी, जिसमें सुबह 4 बजें के कुछ देर बाद ही कुछ मैसेज डिलीट मिले, वही पुलिस को हरभजन और उसके परिवार के घर से बाहर निकलने के कुछ देर बाद ही बाईक पर सवार 2 लोगों के घर में घुसने के सीसीटीवी फूटेज भी मिले।
पुलिस इन अहम सबूतो के आधार पर मामले की तफ्तीश करना शुरू की, तभी पता चला कि हरभजन का साला करतला स्वास्थ केंद्र में जख्मी हालत में भर्ती है। फिर क्या था पुलिस टीम ने फौरन करतला अस्पताल पहुंचकर घायल परमेश्वर कंवर से पूछताछ करने के साथ ही उसके मोबाईल की जांच की, जिसमें हरभजन के मोबाईल से घर का दरवाजा खुला होने का मैसेज मिला।
पुलिस ने इस अंधे कत्ल की कड़ियो को पिरोकर इस हत्याकांड में शामिल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें मृतक हरीश कंवर का बड़ा भाई हरभजन कंवर, भाभी धनकुंवर, नाबालिंग भतीजी सहित साला परमेश्वर कंवर और रामप्रसाद सहित एक अन्य आरोपी शामिल है।
