अंबिकापुर में राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। शहर से होकर गुजरने वाली NH-43 पर की गई सड़क मरम्मत महज कुछ घंटों में ही उखड़ गई। रात के समय बनाई गई सड़क सुबह होते ही टूटने लगी, जिससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता की पोल खुल गई।
सदर रोड में कराए गए इस मरम्मत कार्य की स्थिति इतनी खराब रही कि सफाईकर्मियों ने बेलचा चलाकर नवनिर्मित सड़क को उखाड़ा और उखड़ी हुई डामर परत को कचरा उठाने वाले ट्रैक्टर में भरकर ले जाया गया। इस हैरान करने वाले दृश्य की तस्वीरें भी सामने आई हैं।
जानकारी के अनुसार, NH विभाग द्वारा ठेकेदार के माध्यम से लगभग 6 करोड़ रुपये की लागत से अंबिकापुर से होकर गुजरने वाली NH-43 की जर्जर सड़क पर पेच रिपेयरिंग का कार्य कराया जा रहा है। लेकिन सड़क की हालत देखकर साफ है कि काम में मानकों और गुणवत्ता को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया।
रात में बनी सड़क का सुबह उखड़ जाना विभागीय अधिकारियों और ठेकेदार की मिलीभगत की ओर इशारा करता है। यह मामला केवल भ्रष्टाचार का ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों की सुरक्षा के साथ खुलेआम खिलवाड़ का भी है।
अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाएगी और दोषी अधिकारियों व ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई होगी या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा।
