रायपुर, छत्तीसगढ़ – अभिनेता शाहरुख खान और कई नामी कंपनियों के खिलाफ रायपुर सिविल कोर्ट में एक सिविल मुकदमा दर्ज किया गया है। यह मामला अधिवक्ता फैजान खान द्वारा दायर किया गया, जिसमें उन्होंने विमल पान मसाला, फेयर एंड हैंडसम, और रमी जैसे उत्पादों के भ्रामक विज्ञापनों को लेकर आपत्ति जताई है।
मुकदमा सिविल जज कोर्ट, रायपुर में केस नंबर 99/2025 के तहत दर्ज किया गया है। इस मामले में अधिवक्ता विराट वर्मा ने जोरदार बहस की, जिसके बाद अदालत ने इसे स्वीकार कर लिया।
मामले से जुड़े प्रमुख पक्ष:
- वादी:
- फैजान खान, अधिवक्ता
- स्थायी पता: ए-25, शोका आइकॉन, मोवा, रायपुर, छत्तीसगढ़
- प्रतिनिधित्व: अधिवक्ता विराट वर्मा, जिला न्यायालय, रायपुर
- प्रतिवादी:
- शाहरुख खान
- गूगल इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (यूट्यूब इंडिया)
- अमेज़न इंडिया (प्राइम वीडियो)
- नेटफ्लिक्स इंडिया
- एम्स लिमिटेड (फेयर एंड हैंडसम)
- आईटीसी लिमिटेड (विमल पान मसाला)
- हेड डिजिटल वर्क्स प्राइवेट लिमिटेड (ए23 रमी)

अधिवक्ताओं के बयान:
वादी के वकील विराट वर्मा ने कहा, “शाहरुख खान एक बड़े सेलिब्रिटी हैं, लेकिन उनके द्वारा किए गए भ्रामक विज्ञापन देश के युवाओं और बच्चों को गलत दिशा में धकेल रहे हैं। यह कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों और आर्थिक संकट का कारण बन सकता है, जिस पर रोक लगाना आवश्यक है।”
वहीं, अधिवक्ता फैजान खान का कहना है, “यह मुकदमा आम जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए दायर किया गया है। हमें विश्वास है कि न्यायपालिका इस पर उचित कार्रवाई करेगी।”
मामले की अगली सुनवाई जल्द
मामले की सुनवाई की अगली तारीख जल्द घोषित की जाएगी। इस मुकदमे पर पूरे देश की नजरें टिकी हुई हैं, क्योंकि यह सेलिब्रिटी एंडोर्समेंट और विज्ञापन की नैतिकता से जुड़े गंभीर सवाल खड़े करता है।
