बिलासपुर। तखतपुर में कथावाचन के दौरान समाज विशेष के खिलाफ विवादित टिप्पणी करने के मामले में गिरफ्तार किए गए कथावाचक आशुतोष चैतन्य महाराज को विशेष सत्र न्यायालय से सशर्त जमानत मिल गई है। अदालत ने जमानत मंजूर करते हुए कई कड़ी शर्तें लगाई हैं।
अदालत की जमानत शर्तें
अभियुक्त किसी भी प्रकार से साक्ष्यों को प्रभावित नहीं करेंगे।
हर सुनवाई में स्वयं उपस्थित होना अनिवार्य होगा।
कथावाचन के दौरान किसी समाज विशेष के प्रति आपत्तिजनक टिप्पणी नहीं करेंगे।
इस तरह के कृत्य की पुनरावृत्ति नहीं करने की सख्त हिदायत।
खास बातें ……
12 नवंबर को तखतपुर क्षेत्र में कथा के दौरान आशुतोष चैतन्य के विवादित बयान का वीडियो वायरल होने के बाद मामला गरमाया था। सतनामी समाज की आपत्तियों और विरोध के बीच कथावाचक के खिलाफ विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज किया गया। शनिवार को उन्हें गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया था।
अदालत परिसर में कथावाचक की पेशी के दौरान सतनामी समाज और हिंदू संगठनों के बीच नारेबाजी हुई। स्थिति इतनी तनावपूर्ण हुई कि कुछ असामाजिक तत्वों ने पुलिस और वकीलों के साथ अभद्रता तक कर दी। हंगामा बढ़ने पर सिविल लाइन पुलिस ने 10 लोगों के खिलाफ नामजद FIR दर्ज की।
गिरफ्तारी के बाद कथावाचक को जेल भेज दिया गया था। आज हुई सुनवाई में दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद विशेष सत्र न्यायालय ने उन्हें सशर्त जमानत प्रदान की।
जमानत मिलने के बाद भी न्यायालय ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी शर्त के उल्लंघन पर जमानत रद्द की जा सकती है।
